महागठबंधन का घोषणा पत्र जारी: युवाओं को परीक्षा शुल्क से मुक्ति, मनरेगा में 200 दिन काम का वादा

Bihar Assembly Election 2020: बिहार चुनावों में महागठबंधन ने अपना साझा घोषणा पत्र शनिवार (17 अक्टूबर) को जारी कर दिया. इसका नाम “प्रण हमारा, संकल्प बदलाव का” दिया गया है. एस घोषणा पत्र में 25 सूत्रीय साझा कार्यक्रम बिहारवासियों के समक्ष रखा गया है. पटना में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेन्स में महागठबंधन के घटक दलों के नेताओं ने इसे जारी किया. समारोह में महागठबंधन के सीएम पद के उम्मीदवार तेजस्वी यादव के अलावा कांग्रेस के बिहार प्रभारी शक्ति सिंह गोहिल, प्रवक्ता रणदीप सिंह सुरजेवाला समेत कई नेता मौजूद थे.

इस बदलाव का संकल्प में सबसे पहला बिंदु 10 लाख स्थाई नौकरियों की समय पर बहाली की प्रक्रिया पहले ही कैबिनेट बैठक के साथ शुरू करने का वादा किया गया है. इसके साथ ही राज्य के युवाओं को सभी सरकारी बहाली परीक्षाओं के लिए आवेदन शुल्क मुक्त करने का भी वादा किया गया है. इसके अलावा मनरेगा के तहत प्रति परिवार के बजाय प्रति व्यक्ति को 100 से बढ़ाकर 200 दिन प्रतिवर्ष काम देने का वादा किया गया है. मनरेगा की ही तर्ज पर राज्य की रोज़गार योजना बनाने का भी आश्वासन दिया गया है.

इस संकल्प पत्र में समान काम के लिए समान वेतन के वादे को एक बार फिर से दोहराया गया है. साथ ही पूरे राज्य में 2005 से लागू नई पेंशन योजना को बंद कर, उसकी जगह पुरानी पेंशन योजना लागू करने का एलान किया गया है. महिलाओं को अपनी ओर खींचने के लिए जीविका समूह के कैडर को स्थाई करने के वादे के अलावा सभी को 4000 रुपये प्रति महीने का मानदेय देने की घोषणा भी की गई है.

भ्रष्टाचार के बारे में कहा गया है कि प्रदेश के सभी थाने और प्रखंड कार्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार को समाप्त करेंगे लेकिन ये कैसे समाप्त करेंगे इसके बारे में कुछ नहीं बताया गया है.  महागठबंधन के घोषणा पत्र में स्मार्ट ग्राम योजना के तहत हर पंचायत में मान्यता प्राप्त डॉक्टर और प्रशिक्षित नर्स सहित एक क्लीनिक खोलने का भी वादा किया गया है. इसके अलावा कृषि भूमि लगान भी माफ़ करने की बात कही गई है.

तेजस्वी यादव ने ट्वीट कर लिखा है, “इसमें 10 लाख सरकारी नौकरियाँ,किसानों की कर्ज़ माफ़ी, किसान विरोधी कृषि बिल को अस्वीकार करना, शिक्षकों के लिए समान काम का समान वेतन ,जीविका दीदियों के मानदेय में बढ़ोतरी के साथ नियमित वेतन और नौकरी, महँगी बिजली दर को कम करना, पुरानी पेंशन योजना लागू करने जैसे कुल 25 वादों को रखा गया है.