लोकसभा चुनाव 2019- जाने झुमका सिटी बरेली में किसी ओर झुमेगी जनता

झुमका सिटी के नाम से मशहूर उत्तर प्रदेश की बरेली लोकसभा सीट चुनावी लिहाज से भी काफी महत्वपूर्ण है। करीब तीन दशकों से यहां पर भारतीय जनता पार्टी का ही बोलबाला रहा है। साल 2014 में भी सपा की आयशा इस्लाम को 240685 वोटों से हराकर बीजेपी ने अपना अधिपत्य जमाया था। इस आम चुनाव में सपा दूसरे, बसपा तीसरे और कांग्रेस चौथे पर रही थी।

यहां के सांसद है बीजेपी के कद्दवार नेता संतोष गंगवार। यह कई बार इस सीट पर चुनाव जीत चुके हैं और इस समय केंद्र सरकार में मंत्री है।

आपको जानकारी के लिए बता दें कि यूपी की बरेली लोकसभा सीट के अंतर्गत 5 विधान सभा क्षेत्र आते हैं। इनके नाम बरेली, बरेली छावनी, भोजीपुरा,मीरगंज और नवाबगंज हैं। साल 1952 में बरेली में पहली बार लोकसभा चुनाव में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के सतीश चन्द्र सांसद बने। वहीं 1962 और 1967 में ये सीट भारतीय जनसंघ के नाम रही।

इस सीट पर साल 1977 में कांग्रेस की वापसी तो हुई, लेकिन इसके बाद अगले ही चुनाव में भारतीय लोकदल ने अपना कब्जा जमा लिया। इसके बाद साल 1989 में बरेली में भारतीय जनता पार्टी ने कदम रखा, और इस चुनाव में भाजपा नेता संतोष गंगवार ने भारी मतों से जीत हासिल की।

जानकार हैरानी होगी कि गंगवार इस सीट से 7 बार सांसद बने हैं। संतोष गंगवार की पहचान बड़े कुर्मी नेता के रूप में है। गंगवार केंद्र में श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री का स्वतंत्र प्रभार पद संभाल रहे हैं। इसके साथ ही वह राज्य और कपड़ा मंत्री भी रह चुके हैं।

बरेली उत्तर प्रदेश का आठवां और भारत का 50वां सबसे बड़ा शहर है बरेली को बांस बरेली भी कहते हैं, क्योंकि इस नगर की स्थापना करने वाले राजा जगत सिंह कठेरिया के 2 पुत्रों के नाम बन्सलदेव और बरालदेव था।

बताते चलें कि बरेली शहर का नाम प्रधानमंत्री के 100 स्मार्ट शहरों में दर्ज है। 4,120 वर्ग किलोमीटर फैले बरेली शहर की साक्षरता दर 58.49% है। 2014 के चुनाव में 1664081 लोगों मे हिस्सा लिया था, जिसमें 54 प्रतिशत पुरुष और 45 प्रतिशत महिलाओं की संख्या थी। बरेली में लगभग 3 लाख 50 हजार कुर्मी वोट है, ऐसे में देखना बेहद खास होगा कि सपा-बसपा गठबंधन यहां क्या कमाल दिखा पाएगी।

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